॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: हिन्दी अर्थ उपलब्ध नहीं
संस्कृत: रक्षणे
अंग्रेज़ी: to protect
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | कुण्ठति / कुण्ठयति | कुण्ठतः / कुण्ठयतः | कुण्ठन्ति / कुण्ठयन्ति |
| मध्यम | कुण्ठयसि / कुण्ठसि | कुण्ठथः / कुण्ठयथः | कुण्ठथ / कुण्ठयथ |
| उत्तम | कुण्ठयामि / कुण्ठामि | कुण्ठयावः / कुण्ठावः | कुण्ठयामः / कुण्ठामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: कुण्ठति · लट् (आत्मने.): कुण्ठयते · लिट्: कुण्ठयाञ्चकार · लिट् (आत्मने.): कुण्ठयाञ्चक्रे · लुट्: कुण्ठयिता · लुट् (आत्मने.): कुण्ठयिता · लृट्: कुण्ठयिष्यति · लृट् (आत्मने.): कुण्ठयिष्यते · लोट्: कुण्ठतात् · लोट् (आत्मने.): कुण्ठयताम् · लङ्: अकुण्ठत् · लङ् (आत्मने.): अकुण्ठयत · विधिलिङ्: कुण्ठयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): कुण्ठयेत · आशीर्लिङ्: कुण्ठ्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): कुण्ठयिषीष्ट · लुङ्: अकुण्ठीत् · लुङ् (आत्मने.): अचुकुण्ठत · लृङ्: अकुण्ठयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अकुण्ठयिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: कुण्ठन · ण्वुल्: कुण्ठकः · तृच्: कुण्ठिता · यत्: कुण्ठ्यः · ण्यत्: कुण्ठ्यः · तव्य: कुण्ठितव्यः · अनीयर्: कुण्ठनीयः · क्त: कुण्ठितः · क्तवतु: कुण्ठितवान् · शतृ: कुण्ठन् · स्य-शतृ: कुण्ठिष्यन् · शानच्: कुण्ठयमानः · क्त्वा: कुण्ठित्वा · ल्यप्: प्रकुण्ठ्य · तुमुन्: कुण्ठितुम् · णमुल्: कुण्ठम् · घञ्: कुण्ठः · क्तिन्: कुण्टि · क्वसु: चुकुण्ठ्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| कुण्ठति | कुण्ठ् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: कुण्ठ् धातु (भ्वादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन | कुण्ठत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: कुण्ठ् + शतृ |
कुण्ठति ➤ to protect (अंग्रेज़ी कोश)
संस्कृत: रक्षणे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड