॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: जाना
संस्कृत: गतौ
अंग्रेज़ी: to go
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | पियति | पियतः | पियन्ति |
| मध्यम | पियसि | पियथः | पियथ |
| उत्तम | पियामि | पियावः | पियामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: पियति · लिट्: पिपाय · लुट्: पेता · लृट्: पेष्यति · लोट्: पियतात् · लङ्: अपियत् · विधिलिङ्: पियेत् · आशीर्लिङ्: पीयात् · लुङ्: अपैषीत् · लृङ्: अपेष्यत्
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: पयन · ण्वुल्: पायकः · तृच्: पेता · यत्: पेयः · तव्य: पेतव्यः · अनीयर्: पयनीयः · क्त: पितः · क्तवतु: पितवान् · शतृ: पियन् · स्य-शतृ: पेष्यन् · क्त्वा: पित्वा · ल्यप्: प्रपित्य · तुमुन्: पेतुम् · णमुल्: पायम् · क्तिन्: पिति · क्वसु: पिपिवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| पियति | पि धातु (तुदादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: पियत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: पि + शतृ | पियत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: पि + शतृ |
पियति ➤ जाना
संस्कृत: गतौ
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड