॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: जाना
संस्कृत: गतौ
अंग्रेज़ी: to go
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, आत्मनेपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | प्रेषते | प्रेषेते | प्रेषन्ते |
| मध्यम | प्रेषसे | प्रेषेथे | प्रेषध्वे |
| उत्तम | प्रेषे | प्रेषावहे | प्रेषामहे |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट् (आत्मने.): प्रेषते · लिट् (आत्मने.): पिप्रेषे · लुट् (आत्मने.): प्रेषिता · लृट् (आत्मने.): प्रेषिष्यते · लोट् (आत्मने.): प्रेषताम् · लङ् (आत्मने.): अप्रेषत · विधिलिङ् (आत्मने.): प्रेषेत · आशीर्लिङ् (आत्मने.): प्रेषिषीष्ट · लुङ् (आत्मने.): अप्रेषिष्ट · लृङ् (आत्मने.): अप्रेषिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: प्रेषण · ण्वुल्: प्रेषकः · तृच्: प्रेषिता · ण्यत्: प्रेष्यः · तव्य: प्रेषितव्यः · अनीयर्: प्रेषणीयः · क्त: प्रेषितः · क्तवतु: प्रेषितवान् · शानच्: प्रेषमाणः · क्त्वा: प्रेषित्वा · ल्यप्: प्रप्रेष्य · तुमुन्: प्रेषितुम् · णमुल्: प्रेषम् · घञ्: प्रेषः · क्तिन्: प्रेष्टि · क्वसु: पिप्रेष्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| प्रेषते | प्रेष् धातु (भ्वादिगण, आत्मनेपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: प्रेषता (स्त्री.) — चतुर्थी विभक्ति, एकवचन · तद्धित: प्रेष + तल् (भाववाचक) | प्रेषता (स्त्री.) — सम्बोधन, एकवचन · तद्धित: प्रेष + तल् (भाववाचक) |
प्रेषते ➤ जाना
संस्कृत: गतौ
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.४ सेकण्ड