॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: बोलना
संस्कृत: भाषायाम्
अंग्रेज़ी: to speak, to talk
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | शीकति / शीकयति | शीकतः / शीकयतः | शीकन्ति / शीकयन्ति |
| मध्यम | शीकयसि / शीकसि | शीकथः / शीकयथः | शीकथ / शीकयथ |
| उत्तम | शीकयामि / शीकामि | शीकयावः / शीकावः | शीकयामः / शीकामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: शीकति · लट् (आत्मने.): शीकयते · लिट्: शिशीक · लिट् (आत्मने.): शीकयाञ्चक्रे · लुट्: शीकयिता · लुट् (आत्मने.): शीकयिता · लृट्: शीकयिष्यति · लृट् (आत्मने.): शीकयिष्यते · लोट्: शीकतात् · लोट् (आत्मने.): शीकयताम् · लङ्: अशीकत् · लङ् (आत्मने.): अशीकयत · विधिलिङ्: शीकयेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): शीकयेत · आशीर्लिङ्: शीक्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): शीकयिषीष्ट · लुङ्: अशीकीत् · लुङ् (आत्मने.): अशीशिकत · लृङ्: अशीकयिष्यत् · लृङ् (आत्मने.): अशीकयिष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: शीकन · ण्वुल्: शीककः · तृच्: शीकिता · यत्: शीक्यः · ण्यत्: शीक्यः · तव्य: शीकितव्यः · अनीयर्: शीकनीयः · क्त: शीकितः · क्तवतु: शीकितवान् · शतृ: शीकन् · स्य-शतृ: शीकिष्यन् · शानच्: शीकयमानः · क्त्वा: शीकित्वा · ल्यप्: प्रशीक्य · तुमुन्: शीकितुम् · णमुल्: शीकम् · घञ्: शीकः · क्तिन्: शीक्ति · क्वसु: शिशीक्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| शीकति | शीक् धातु (चुरादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: शीकत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: शीक् + शतृ | शीकत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: शीक् + शतृ |
शीकति ➤ बोलना
संस्कृत: भाषायाम्
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड