॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: सींचना, छीटा देना
संस्कृत: क्षरणे
अंग्रेज़ी: to sprinkle,to moisten
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, परस्मैपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | सिञ्चति | सिञ्चतः | सिञ्चन्ति |
| मध्यम | सिञ्चसि | सिञ्चथः | सिञ्चथ |
| उत्तम | सिञ्चामि | सिञ्चावः | सिञ्चामः |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट्: सिञ्चति · लट् (आत्मने.): सिञ्चते · लिट्: सिषेच · लिट् (आत्मने.): सिषिचे · लुट्: सेक्ता · लुट् (आत्मने.): सेक्ता · लृट्: सेक्ष्यति · लृट् (आत्मने.): सेक्ष्यते · लोट्: सिञ्चतात् · लोट् (आत्मने.): सिञ्चताम् · लङ्: असिञ्चत् · लङ् (आत्मने.): असिञ्चत · विधिलिङ्: सिञ्चेत् · विधिलिङ् (आत्मने.): सिञ्चेत · आशीर्लिङ्: सिच्यात् · आशीर्लिङ् (आत्मने.): सिक्षीष्ट · लुङ्: असिचत् · लुङ् (आत्मने.): असिक्त · लृङ्: असेक्ष्यत् · लृङ् (आत्मने.): असेक्ष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: सेचन · ण्वुल्: सेचकः · तृच्: सेक्ता · ण्यत्: सेच्यः · तव्य: सेक्तव्यः · अनीयर्: सेचनीयः · क्त: सिक्तः · क्तवतु: सिक्तवान् · शतृ: सिञ्चन् · स्य-शतृ: सेक्ष्यन् · शानच्: सिञ्चमानः · क्त्वा: सिक्त्वा · ल्यप्: प्रसिच्य · तुमुन्: सेक्तुम् · णमुल्: सेचम् · घञ्: सेकः · क्तिन्: सिक्ति · क्वसु: सिषिच्वान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| सिञ्चति | सिच् धातु (तुदादिगण, परस्मैपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: सिञ्चत् (पुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: सिच् + शतृ | सिञ्चत् (नपुं.) — सप्तमी विभक्ति, एकवचन · कृदन्त: सिच् + शतृ |
सिञ्चति ➤ सींचना, छीटा देना
संस्कृत: क्षरणे
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.२ सेकण्ड