॥ श्लोकानां विश्लेषिका ॥ — पदच्छेद, पदपरिचय, पदार्थ, अन्वय, भावार्थ व व्याकरण
"+" = एक ही लिखित शब्द के भीतर सन्धि-विच्छेद · डैश (-) वाले = समास का पूर्वपद
अर्थ: मुस्कुराना, मंद हास्य करना
संस्कृत: ईषद्धसने
अंग्रेज़ी: to smile a bit
सम्भावित विश्लेषण (सबसे सम्भावित पहले):
लट् लकार, आत्मनेपद (कर्तरि):
| पुरुष | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथम | स्मयते | स्मयेते | स्मयन्ते |
| मध्यम | स्मयसे | स्मयेथे | स्मयध्वे |
| उत्तम | स्मये | स्मयावहे | स्मयामहे |
दसों लकार (प्रथम पुरुष, एकवचन): लट् (आत्मने.): स्मयते · लिट् (आत्मने.): सिष्मिये · लुट् (आत्मने.): स्मेता · लृट् (आत्मने.): स्मेष्यते · लोट् (आत्मने.): स्मयताम् · लङ् (आत्मने.): अस्मयत · विधिलिङ् (आत्मने.): स्मयेत · आशीर्लिङ् (आत्मने.): स्मेषीष्ट · लुङ् (आत्मने.): अस्मेष्ट · लृङ् (आत्मने.): अस्मेष्यत
प्रमुख कृदन्त: ल्युट्: स्मयन · ण्वुल्: स्मायकः · तृच्: स्मेता · यत्: स्मेयः · तव्य: स्मेतव्यः · अनीयर्: स्मयनीयः · क्त: स्मितः · क्तवतु: स्मितवान् · शानच्: स्मयमानः · क्त्वा: स्मित्वा · ल्यप्: प्रस्मित्य · तुमुन्: स्मेतुम् · णमुल्: स्मायम् · क्तिन्: स्मिति · क्वसु: सिष्मिवान्
| पदम् | विवरणम् |
|---|---|
| स्मयते | स्मि धातु (भ्वादिगण, आत्मनेपद) — लट् लकार, प्रथम पुरुष, एकवचन अन्य सम्भावना: स्मयता (स्त्री.) — चतुर्थी विभक्ति, एकवचन · तद्धित: स्मय + तल् (भाववाचक) | स्मयता (स्त्री.) — सम्बोधन, एकवचन · तद्धित: स्मय + तल् (भाववाचक) |
स्मयते ➤ मुस्कुराना, मंद हास्य करना
संस्कृत: ईषद्धसने
इस शब्द के प्रातिपदिक अमरकोश की पर्याय-सूची में नहीं मिले (क्रिया, अव्यय, सर्वनाम व नाम प्रायः अमरकोश में नहीं होते)।
इस श्लोक में शब्दों के भीतर कोई सन्धि नहीं पहचानी गई।
कोई समस्त पद नहीं पहचाना गया (या पूरा सामासिक शब्द कोश में सीधे मिल गया)।
कोई कृदन्त पद नहीं पहचाना गया।
कोई तद्धितान्त पद नहीं पहचाना गया।
विश्लेषण-समय: ०.१ सेकण्ड